
पिंजरे में कैद एक चिड़िया, संसार के यथार्थ से अनजान, दूसरों के अरमानों के पीछे, अपने सपनों को कुचलती एक चिड़िया, पिंजरे में कैद एक चिड़िया। चारदीवारी में पंख […]

पिंजरे में कैद एक चिड़िया, संसार के यथार्थ से अनजान, दूसरों के अरमानों के पीछे, अपने सपनों को कुचलती एक चिड़िया, पिंजरे में कैद एक चिड़िया। चारदीवारी में पंख […]

पापा को ऑफिस की जल्दी माँ तुम भी तो जाती छोड़ दादी नानी कोई न संग में बोलो मुझे संभाले कौन मैं डरता हूँ माँ सपनों में तुमको नहीं बताता […]

पवन एक अच्छी कद – काठी का छात्र था | वह भारतीय सेना में जाना चाहता था, इसलिए दिन – रात जी तोड़ मेहनत की थी उसने, वैसे पढ़ने – […]

हर शाम की तरह आज भी ऑफिस से आने के बाद घर का वही माहौल था। सब बैठ कर, एक टीम बना कर इधर उधर की बातें कम और चुगलियां […]

आधुनिक कविता में जटिल विचारों के संप्रेषण के लिए मिथक का व्यापक प्रयोग किया गया l आचार्य हजारी प्रसाद दिव्वेदी ने अग्रेज़ी के( myth )शब्द के समानार्थी के रूप में […]

वर्तमान समय मनुष्यता की तलाश का है|इस समय यदि किसी में सर्वाधिक क्षरण दृष्टिगत होता है,तो वह मनुष्यता है|आज के इस संकटग्रस्त समय में दुनिया अनेक ध्रुवों में विभाजित होती […]

अपनी चेतना को अभिव्यक्त करने व अपने विचारों से दूसरों को अवगत कराने तथा दूसरे की राय व भावनाओं को जानने का माध्यम है भाषा। संप्रेषण व विचार-विनिमय का सशक्त […]

अपने समय और समाज की यथार्थ स्थिति का उद्घाटन निरूपण व प्रस्तुतीकरण करना ही साहित्य का लक्ष्य है। साहित्य युगीन तब बनता है जब वह अपने समय समाज व जन-सामान्य […]

यह एक विचित्र संयोग है कि जब विभिन्न देशों में जगह-जगह राष्ट्रवादी आंदोलनों ने सिरे उठाना शुरू कर दिया है और राष्ट्रीय अस्मिता तथा संप्रभुता के प्राथमिक सवालों से लोग […]

आज के दौर में जनसंचार के कई आयाम प्रचलित हैं। इन्हीं में से एक मुख्य माध्यम रेडियो का है। जनसंचार माध्यमों में समाचार पत्रों, पत्रिकाओं के अतिरिक्त आज रेडियों […]